एनएसएस स्थापना दिवस पर लंगट सिंह कॉलेज में नुक्कड़ नाटक बना आकर्षण का केंद्र

  • Post By Admin on Sep 24 2026
एनएसएस स्थापना दिवस पर लंगट सिंह कॉलेज में नुक्कड़ नाटक बना आकर्षण का केंद्र

मुजफ्फरपुर : लंगट सिंह कॉलेज में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के स्थापना दिवस के अवसर पर विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ हुई। इस दौरान कॉलेज के प्राध्यापकों और एनएसएस स्वयंसेवकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।कार्यक्रम में सभी का स्वागत करते हुए परीक्षा नियंत्रक डॉ. ऋतुराज कुमार ने कहा कि एनएसएस के माध्यम से समाजसेवा के साथ स्वयं के व्यक्तित्व को भी बेहतर बनाने का अवसर मिलता है। उन्होंने स्वयंसेवकों को सेवा कार्यों में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया।

कॉलेज की प्राचार्या प्रो. कनुप्रिया ने एनएसएस स्थापना दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना केवल एक योजना नहीं, बल्कि युवाओं में सेवा भावना को जागृत करने वाली जीवंत परंपरा है। उन्होंने कहा कि जब विद्यार्थी समाज की वास्तविक चुनौतियों को करीब से समझते हैं, तभी उनमें जिम्मेदार नागरिक बनने की भावना मजबूत होती है। राष्ट्र निर्माण की नींव कक्षा तक सीमित नहीं रहती, बल्कि समाज के बीच सक्रिय भागीदारी से भी मजबूत होती है।

अंग्रेजी विभागाध्यक्ष प्रो. एसआर चतुर्वेदी ने कहा कि साहित्य और समाज दोनों मानवता को जोड़ने का कार्य करते हैं। एनएसएस इसी भावना का विस्तार है, जहां विद्यार्थी पढ़ाई के साथ वास्तविक जीवन की समस्याओं को समझने और उनके प्रति संवेदनशील होने का अवसर प्राप्त करते हैं। उन्होंने कहा कि सेवा का अनुभव विद्यार्थियों के व्यक्तित्व को समृद्ध करता है। एनएसएस कार्यक्रम पदाधिकारी डॉ. शशिकांत पाण्डेय ने धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि कार्यक्रम से यह स्पष्ट होता है कि युवाओं को उचित मंच मिलने पर वे रचनात्मकता और जिम्मेदारी का बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं।

कार्यक्रम के दौरान छात्रों ने विभिन्न सांस्कृतिक एवं साहित्यिक प्रस्तुतियां दीं। ज्योति ने भाषण प्रस्तुत किया, जबकि समूह नृत्य के साथ स्मृति ने एकल नृत्य की प्रस्तुति दी। सगुन ने मोनो एक्ट प्रस्तुत कर दर्शकों का मनोरंजन किया। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण नुक्कड़ नाटक रहा, जिसमें ऋषिकेश, संजना, दिव्यांशु, अमन, स्मृति, ज्योति और आदित्य ने भाग लिया। इस अवसर पर डॉ. विजय कुमार, डॉ. दिलीप यादव, डॉ. अर्चना ठाकुर, डॉ. वेदप्रकाश दुबे, डॉ. बाणेश्वर शर्मा, डॉ. राधा कुमारी, डॉ. दीपिका कुमारी, डॉ. शिवेंद्र मौर्य, डॉ. दीपक कुमार सहित अन्य शिक्षक एवं संबंधित लोग मौजूद रहे।