आरडीएस कॉलेज में करियर निर्माण पर परिचर्चा, विशेषज्ञों ने बताए कार्यक्षेत्र में सफलता के तरीके

  • Post By Admin on Oct 09 2026
आरडीएस कॉलेज में करियर निर्माण पर परिचर्चा, विशेषज्ञों ने बताए कार्यक्षेत्र में सफलता के तरीके

मुजफ्फरपुर : रामदयालु सिंह महाविद्यालय, मुजफ्फरपुर में विद्यार्थियों को रोजगार के लिए तैयार करने और उनके व्यावसायिक कौशल को विकसित करने के उद्देश्य से प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। महिंद्रा प्राइड क्लासरूम और महाविद्यालय के प्लेसमेंट सेल की संयुक्त पहल पर आयोजित इस कार्यक्रम में साक्षात्कार की तैयारी, प्रभावी संवाद, नेतृत्व क्षमता और कार्यालय में पेशेवर व्यवहार जैसे विषयों पर जानकारी दी गई।

प्रशिक्षक अजीत कुमार और सनी कुमार ने विद्यार्थियों को साक्षात्कार का सामना करने के व्यावहारिक तरीके बताए। उन्होंने कहा कि नौकरी पाने के लिए शैक्षणिक योग्यता के साथ आत्मविश्वास, स्पष्ट अभिव्यक्ति, सकारात्मक सोच और अच्छा व्यवहार भी जरूरी है। विद्यार्थियों को साक्षात्कार से पहले तैयारी करने, सवालों का उचित जवाब देने और अपनी योग्यता व क्षमताओं को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने के तरीके समझाए गए। साथ ही, बातचीत के दौरान शारीरिक हाव-भाव और व्यवहार पर ध्यान देने की आवश्यकता बताई गई।

बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय के प्लेसमेंट सेल के अध्यक्ष डॉ. ललन कुमार झा ने विद्यार्थियों का उत्साह बढ़ाते हुए कहा कि इस तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम शिक्षा और रोजगार के बीच की दूरी कम करने में मददगार होते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को अपनी क्षमताओं को पहचानने, लगातार नई चीजें सीखने और रोजगार के बदलते अवसरों के अनुरूप स्वयं को तैयार करने की सलाह दी। महाविद्यालय के प्राचार्य और प्लेसमेंट सेल के संरक्षक डॉ. शशि भूषण कुमार ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल डिग्री हासिल करना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को आत्मनिर्भर और कुशल बनाना भी है। उन्होंने प्रशिक्षण के दौरान मिली जानकारी को व्यवहार में उतारने और अपने निर्धारित लक्ष्य की प्राप्ति के लिए लगातार प्रयास करने का आह्वान किया।

महाविद्यालय प्लेसमेंट सेल के संयोजक डॉ. अजमत अली ने रोजगार प्राप्त करने और कार्यक्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए व्यवहार-कौशल की अहमियत बताई। उन्होंने प्रभावी संवाद, समय प्रबंधन, टीम भावना, अनुशासन, समस्या समाधान और सकारात्मक सोच को पेशेवर जीवन की सफलता के लिए जरूरी गुण बताया। विशेष आमंत्रित सदस्य डॉ. एम. एन. रजवी ने नेतृत्व क्षमता पर चर्चा करते हुए कहा कि नेतृत्व का अर्थ जिम्मेदारी निभाने, उचित निर्णय लेने और सामूहिक प्रयासों को आगे बढ़ाने से है। उन्होंने विद्यार्थियों को समूह में काम करने और विभिन्न गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी के जरिए नेतृत्व के गुण विकसित करने के लिए प्रेरित किया।

वहीं, डॉ. सौरभ राज ने कार्यालय में प्रभावी संवाद के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने स्पष्ट और विनम्र भाषा के इस्तेमाल, सहकर्मियों के साथ बेहतर तालमेल, ई-मेल लिखने की समझ और पेशेवर व्यवहार को कार्यस्थल के लिए आवश्यक बताया। कार्यक्रम में डॉ. भगवान कुमार, डॉ. प्रियंका दीक्षित, डॉ. जयदीप घोष, डॉ. आशुतोष मिश्रा और डॉ. राजेश कुमार सहित महाविद्यालय प्लेसमेंट सेल के सदस्य उपस्थित रहे। प्रशिक्षण के माध्यम से विद्यार्थियों को शैक्षणिक ज्ञान के साथ व्यावहारिक कौशल विकसित करने और रोजगार की संभावनाओं का लाभ उठाने के लिए प्रोत्साहित किया गया।