भारती शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय में खेल स्पर्धा का रोमांच, छात्र-छात्राओं ने दिखाया दम
- Post By Admin on Oct 13 2026
मुजफ्फरपुर : सदातपुर स्थित भारती शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय में 13 अक्टूबर 2026 को उत्साहपूर्ण वातावरण के बीच खेल प्रतियोगिता एवं ‘फिट इंडिया फ्रीडम रन’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. राकेश कुमार पाल, डी.एल.एड. विभागाध्यक्ष डॉ. सतीश चंद्र, एन.एस.एस. कार्यक्रम पदाधिकारी श्री रामजी यादव और खेल प्रभारी प्रबाल बेरा द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलन के साथ हुई। इस आयोजन का प्राथमिक उद्देश्य भावी शिक्षकों में शारीरिक स्वास्थ्य, अनुशासन, सहयोग और टीम भावना को प्रोत्साहित करना रहा।
प्रतियोगिता के दौरान बी.एड. और डी.एल.एड. के छात्र-छात्राओं ने विभिन्न स्पर्धाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। कैरम में नूतन कुमारी एवं सोनी भारती की जोड़ी ने पहला स्थान हासिल किया, जबकि शुभम और प्रकाश दूसरे तथा बिंदी कुमारी एवं आयुषी प्रिया तीसरे स्थान पर रहे। शतरंज में रणनीतिक सूझबूझ का परिचय देते हुए विवेक कुमार प्रथम, खुशबू कुमारी द्वितीय और कुमारी खुशबू तृतीय स्थान पर रहीं। छात्राओं की बैडमिंटन स्पर्धा में सुरुचि कुमारी एवं रेखा कुमारी ने खिताब अपने नाम किया, वहीं शिखा एवं प्रियंका उपविजेता रहीं तथा रकीबा बानो व निक्की कुमारी को तीसरा स्थान प्राप्त हुआ।
रोमांचक रस्साकशी प्रतियोगिता में राजन कुमार के नेतृत्व वाली डी.एल.एड. द्वितीय वर्ष, रवि राज की अगुवाई वाली बी.एड. द्वितीय वर्ष और मुकेश कुमार रजक के नेतृत्व वाली बी.एड. प्रथम वर्ष की टीमों ने शानदार तालमेल और शारीरिक क्षमता का परिचय दिया। इसके साथ ही ‘फिट इंडिया फ्रीडम रन’ के तहत आयोजित दौड़ प्रतियोगिता कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रही, जिसके माध्यम से युवाओं को दैनिक जीवन में व्यायाम और सक्रिय जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया गया।
संबोधन सत्र में एन.एस.एस. पदाधिकारी श्री रामजी यादव ने खेल को सर्वांगीण विकास, अनुशासन और नेतृत्व क्षमता का आधार बताया। डी.एल.एड. विभागाध्यक्ष डॉ. सतीश चन्द्र ने कहा कि शिक्षकों के लिए शारीरिक शिक्षा अनिवार्य अंग है और इसे शिक्षण प्रणाली से जोड़ना आवश्यक है। खेल प्रमुख प्रबाल बेरा ने स्वस्थ शरीर में स्वस्थ मन के सिद्धांत को दोहराते हुए खेलों को सकारात्मक दृष्टिकोण का माध्यम बताया। दो दिवसीय इस खेल उत्सव में शिक्षकों के मार्गदर्शन ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। अंत में महाविद्यालय परिवार ने प्रतिभागियों को शुभकामनाएं दीं और कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ के साथ हुआ।