कस्तूरबा विद्यालय नंदनामा में विधिक जागरूकता कार्यक्रम, बाल सुरक्षा पर हुई चर्चा
- Post By Admin on Oct 11 2026
लखीसराय : जिले में बाल विवाह, बाल श्रम और बच्चों के साथ होने वाले दुर्व्यवहार की रोकथाम को लेकर जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, नंदनामा में विशेष विधिक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिला विधिक सेवा प्राधिकार, लखीसराय के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में छात्राओं को बाल अधिकारों, बाल विवाह के दुष्परिणामों और बाल श्रम से संबंधित कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गई। कार्यक्रम के आयोजन में सेंटर डायरेक्ट की कवच परियोजना का तकनीकी सहयोग रहा।
कार्यक्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकार, लखीसराय के सचिव विधानन्द सागर, पैनल अधिवक्ता रोहिणी दास, सेंटर डायरेक्ट के प्रतिनिधि चंद्रशेखर, विद्यालय की वार्डन प्रीति कुमारी, शिक्षकगण, पारा विधिक स्वयंसेवक (पीएलवी) पंकज भारती और जुली कुमारी सहित बड़ी संख्या में छात्राओं ने भाग लिया। कार्यक्रम के दौरान विद्यालय की छात्राओं ने गीत, कविता, नुक्कड़ नाटक और जागरूकता गीतों के माध्यम से बाल विवाह तथा बाल श्रम जैसी सामाजिक समस्याओं के खिलाफ संदेश दिया। इन प्रस्तुतियों के जरिए बच्चों के अधिकारों की रक्षा, शिक्षा के महत्व और बालिकाओं के सुरक्षित भविष्य की जरूरत को सामने रखा गया। इस आयोजन से एक दिन पहले भी सेंटर डायरेक्ट के सहयोग से विद्यालय में कबड्डी प्रतियोगिता, निबंध लेखन और चित्रकला प्रतियोगिताएं आयोजित की गई थीं। इन प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली छात्राओं को जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव विधानन्द सागर ने पुरस्कार और सम्मान प्रदान किए।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सचिव विधानन्द सागर ने बाल विवाह और बाल श्रम के दुष्परिणामों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने इनके संबंध में लागू कानूनी प्रावधानों की जानकारी देते हुए कहा कि समाज में इन कुरीतियों को रोकने के लिए व्यापक जागरूकता जरूरी है। उन्होंने लोगों से गांव-गांव तक जागरूकता फैलाने और बाल विवाह एवं बाल श्रम से दूर रहने के लिए समुदाय को प्रेरित करने का आह्वान किया। सचिव ने विद्यालय प्रबंधन और छात्राओं के प्रयासों की सराहना करते हुए उन्हें मेहनत, लगन और शिक्षा के माध्यम से अपने भविष्य को मजबूत बनाने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि जागरूकता और शिक्षा बच्चों को अपने अधिकार समझने तथा गलत प्रथाओं के खिलाफ आवाज उठाने में मदद करती हैं।
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय प्रबंधन ने हाल ही में एयर होस्टेस के रूप में चयनित हुई एक छात्रा से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बातचीत भी कराई। इस संवाद के जरिए छात्राओं को करियर के अवसरों और अपने लक्ष्य की दिशा में आगे बढ़ने की प्रेरणा मिली। सचिव विधानन्द सागर ने चयनित छात्रा को उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम के अंत में विद्यालय की वार्डन प्रीति कुमारी ने धन्यवाद ज्ञापन किया। आयोजन का उद्देश्य छात्राओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना और बाल विवाह, बाल श्रम तथा बच्चों के प्रति दुर्व्यवहार जैसी समस्याओं की रोकथाम के लिए सामाजिक भागीदारी को बढ़ावा देना रहा।