नाट्य कार्यशाला के दूसरे दिन बच्चों ने सीखी अभिनय की बारीकियां और व्यक्तित्व विकास के गुर

  • Post By Admin on Apr 28 2026
नाट्य कार्यशाला के दूसरे दिन बच्चों ने सीखी अभिनय की बारीकियां और व्यक्तित्व विकास के गुर

मुजफ्फरपुर: जिले के मालीघाट स्थित आदर्श राजकीय उच्च मध्य विद्यालय, बी.एम.पी. कम्पाउंड में चल रही सबेरा जन उत्थान सामाजिक संस्थान की 7 दिवसीय प्रस्तुति परक नाट्य कार्यशाला के दूसरे दिन बच्चों में उत्साह और सीखने की ललक साफ दिखाई दी। कार्यशाला का दूसरा दिन पूरी तरह से रंगमंच की बारीकियों और व्यक्तित्व विकास पर केंद्रित रहा।

कार्यशाला के निदेशक एवं कठपुतली विशेषज्ञ सुनील कुमार ने बच्चों को रंगमंच में उपयोग होने वाली विभिन्न मुद्राओं की जानकारी दी और उनके महत्व को विस्तार से समझाया। उन्होंने बताया कि सही मुद्राएं न केवल अभिनय को प्रभावशाली बनाती हैं, बल्कि व्यक्ति के आत्मविश्वास और अभिव्यक्ति को भी मजबूत करती हैं। इसके साथ ही बच्चों को पर्सनालिटी डेवलपमेंट और वॉइस मॉड्यूलेशन का अभ्यास कराया गया, ताकि वे इन कौशलों को अपने दैनिक जीवन में भी उपयोग कर सकें। संस्था के सचिव सुजीत कुमार ने भी बच्चों को विभिन्न मुद्राओं के व्यावहारिक महत्व से अवगत कराया और उन्हें नियमित अभ्यास की सलाह दी। उन्होंने कहा कि रंगमंच से जुड़ाव न केवल व्यक्तिगत विकास में सहायक है, बल्कि यह समाज में अलग पहचान बनाने का भी माध्यम बनता है। साथ ही उन्होंने बच्चों को पढ़ाई के साथ-साथ महान लेखकों की जीवनी पढ़ने के लिए भी प्रेरित किया।

विद्यालय के प्रधानाचार्य कृष्ण कुमार ने बच्चों के उत्साह की सराहना करते हुए उन्हें रंगमंच के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की कार्यशालाएं छात्रों के व्यक्तित्व को निखारने और उनके आत्मविश्वास को बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। कार्यशाला में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने भाग लिया, जिनमें युगराज, गोलू कुमार, वंशराज, हिमांशु, अभिमन्यु, आदर्श, सिद्धार्थ राज, मनीष, ऋषव, प्रियांशु, एमडी जैन जुबैल, आर्यन कुमार, चांदनी कुमारी, सलोनी गुप्ता, मिष्टी, मुस्कान भारती, पनवी, आनन्या, शिवानी, सोनी, साक्षी, अंशु, आयात प्रवीण, अंजली, रौनक प्रवीण, पीहू, प्रियंका, संध्या, परिधि, रचना, मानशी, पूर्णिमा, शिवम, रिजवान, सत्यम और ललित शामिल रहे।

इस अवसर पर लोक कलाकार विकास कुमार, शिक्षिका पूजा कुमारी, शिवानी आर्या, शिक्षक अमित कुमार तथा डायट रामबाग की प्रशिक्षु छात्रा अंजली कुमारी भी उपस्थित रहीं। कार्यशाला का दूसरा दिन बच्चों के लिए सीख और आत्मविश्वास बढ़ाने वाला साबित हुआ, जिससे उनके व्यक्तित्व विकास की दिशा और मजबूत हुई।