पेपर लीक मामलों पर शिक्षा मंत्री का इस्तीफा बहुत पहले हो जाना चाहिए था : प्रशांत किशोर

  • Post By Admin on Jun 06 2026
पेपर लीक मामलों पर शिक्षा मंत्री का इस्तीफा बहुत पहले हो जाना चाहिए था : प्रशांत किशोर

बगहा: जन सुराज अभियान के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने बगहा में आयोजित मीडिया ब्रीफिंग के दौरान शिक्षा व्यवस्था, पेपर लीक मामलों और नेताओं की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बिहार सरकार पर तीखा हमला बोला। इस दौरान उन्होंने लगातार हो रही परीक्षा अनियमितताओं पर चिंता जताते हुए शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग का समर्थन किया।

सीजेपी द्वारा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर प्रतिक्रिया देते हुए प्रशांत किशोर ने कहा कि बार-बार पेपर लीक होने की घटनाओं के आधार पर शिक्षा मंत्री का इस्तीफा बहुत पहले ही हो जाना चाहिए था। उन्होंने कहा कि जिन छात्रों का भविष्य इन घटनाओं से प्रभावित हो रहा है और जो जंतर-मंतर पर धरना देकर न्याय की मांग कर रहे हैं, जन सुराज उनके समर्थन में खड़ा है। प्रशांत किशोर ने कहा कि देश की शिक्षा व्यवस्था लगातार अव्यवस्था और भ्रष्टाचार का शिकार होती जा रही है। परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र लीक होना केवल प्रशासनिक विफलता नहीं, बल्कि लाखों मेहनती छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है। उन्होंने कहा कि सरकार को इस मुद्दे पर गंभीरता से जवाबदेह होना चाहिए।

वहीं लालू प्रसाद यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव की सुरक्षा वापस लेने से जुड़े सवाल पर भी प्रशांत किशोर ने अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि तेजस्वी यादव सुरक्षा लेकर चलें या नहीं, यह उनके और सरकार के बीच का विषय है। हालांकि जन सुराज की स्पष्ट मान्यता है कि वैचारिक रूप से जो लोग किसी संवैधानिक पद पर नहीं हैं और सरकार की ओर से अधिकृत नहीं हैं, उन्हें सरकारी सुरक्षा नहीं मिलनी चाहिए। उन्होंने कहा कि देश और राज्य में सुरक्षा व्यवस्था का इस्तेमाल राजनीतिक विशेषाधिकार की तरह नहीं होना चाहिए। सुरक्षा उन्हीं लोगों को मिलनी चाहिए जिनकी संवैधानिक जिम्मेदारियां और सरकारी दायित्व हों।

मीडिया ब्रीफिंग के दौरान प्रशांत किशोर ने युवाओं, शिक्षा और शासन व्यवस्था के मुद्दों को लेकर सरकार को घेरते हुए कहा कि जनता अब केवल घोषणाएं नहीं, बल्कि जवाबदेही चाहती है।