दस साल बाद दहेज हत्या मामले में पति बरी, कोर्ट ने साक्ष्य के अभाव में किया रिहा

  • Post By Admin on May 27 2026
दस साल बाद दहेज हत्या मामले में पति बरी, कोर्ट ने साक्ष्य के अभाव में किया रिहा

मुजफ्फरपुर : जिले के व्यवहार न्यायालय से एक दशक पुराने दहेज हत्या मामले में आरोपी पति को बड़ी राहत मिली है। एडीजे-1 की अदालत ने पारू थाना क्षेत्र के केशोपुर वभनगाँव निवासी संजीत महतो को साक्ष्य के अभाव में बाइज्जत रिहा कर दिया। इस फैसले के बाद आरोपी पक्ष और परिजनों में राहत का माहौल है।

जानकारी के अनुसार संजीत महतो के विरुद्ध वर्ष 2016 में पारू थाना कांड संख्या 250/16 दर्ज कराया गया था। यह मामला उनकी पत्नी की कथित हत्या से जुड़ा था, जिसमें मृतका के पिता शंकर महतो ने प्राथमिकी दर्ज कराई थी। तब से संजीत महतो न्यायालय में चल रहे मुकदमे का सामना कर रहे थे। मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से चार गवाहों को कोर्ट में पेश किया गया। हालांकि अदालत ने सुनवाई और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर पाया कि आरोपी के खिलाफ पर्याप्त प्रमाण मौजूद नहीं हैं। इसके बाद अदालत ने संजीत महतो को बाइज्जत रिहा करने का फैसला सुनाया। आरोपी पक्ष की ओर से मानवाधिकार अधिवक्ता एस.के. झा ने मजबूती से पैरवी की। उन्होंने अदालत में विस्तृत बहस करते हुए कहा कि उनके मुवक्किल निर्दोष हैं और उनके खिलाफ लगाए गए आरोपों को साबित करने के लिए पर्याप्त साक्ष्य उपलब्ध नहीं हैं। अदालत ने बचाव पक्ष की दलीलों को गंभीरता से सुना और अंततः आरोपी को राहत दी।

फैसले के बाद अधिवक्ता एस.के. झा ने कहा कि “सत्य परेशान हो सकता है, लेकिन पराजित नहीं।” उन्होंने कहा कि संजीत महतो एक गरीब परिवार से आते हैं और लंबे समय तक कानूनी लड़ाई लड़ने के बाद आज उन्हें न्याय मिला है।