प्रसव के दौरान मौतों पर भाकपा का आक्रोश, स्वास्थ्य विभाग की भूमिका पर उठाए सवाल
- Post By Admin on Jun 07 2026
लखीसराय : जिले में लगातार प्रसूताओं की मौत और अवैध अस्पतालों के बढ़ते नेटवर्क को लेकर भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) ने स्वास्थ्य विभाग, जिला प्रशासन और राज्य सरकार की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। पार्टी ने अवैध अस्पतालों, फर्जी चिकित्सकों और मानकविहीन दवा दुकानों के खिलाफ व्यापक अभियान चलाकर कठोर कार्रवाई की मांग की है।
भाकपा नेता रजनीश कुमार ने आरोप लगाया कि लखीसराय जिले में दर्जनों अवैध अस्पताल और सैकड़ों मानकविहीन दवा दुकानें खुलेआम संचालित हो रही हैं। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग की कथित मिलीभगत से इन संस्थानों में फर्जी चिकित्सक इलाज के नाम पर मरीजों की जान से खिलवाड़ कर रहे हैं तथा आम लोगों का आर्थिक, शारीरिक और मानसिक शोषण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जिले में हर वर्ष प्रसव के दौरान कई महिलाओं की मौत होती है। प्रत्येक घटना के बाद कुछ दिनों तक प्रशासनिक सक्रियता, पुलिस की मौजूदगी और जांच-पड़ताल का माहौल बनता है, लेकिन बाद में मामला मुआवजे और समझौते के बीच दब जाता है तथा अवैध अस्पतालों का संचालन फिर से शुरू हो जाता है। इससे यह प्रतीत होता है कि स्वास्थ्य सेवाओं के नाम पर जिले में एक संगठित अवैध तंत्र सक्रिय है।
रजनीश कुमार ने कहा कि भाकपा द्वारा पूर्व में भी स्वास्थ्य मंत्रालय, मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी और जिला प्रशासन को पत्र भेजकर अवैध अस्पतालों, फर्जी चिकित्सकों एवं अवैध दवा दुकानों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई थी, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि इस पूरे मामले में स्वास्थ्य विभाग, पुलिस और प्रशासनिक तंत्र की जवाबदेही भी तय की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि जनता के कर से वेतन प्राप्त करने वाले अधिकारी नियमित रूप से उच्च अधिकारियों को रिपोर्ट भेजते हैं। इसके बावजूद यदि जिले में बड़े पैमाने पर अवैध अस्पताल और दवा दुकानें संचालित हो रही हैं तो यह प्रशासनिक विफलता अथवा भ्रष्ट तंत्र की संलिप्तता का संकेत है।
भाकपा ने मांग की है कि अवैध अस्पताल संचालकों, फर्जी चिकित्सकों और संबंधित दोषियों के विरुद्ध कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाए। जिन मामलों में मरीजों अथवा प्रसूताओं की मृत्यु हुई है, उनमें विधिसम्मत जांच कर दोषियों के खिलाफ हत्या एवं अन्य प्रासंगिक धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर त्वरित न्यायिक प्रक्रिया सुनिश्चित की जाए। पार्टी ने जिले में संचालित सभी अवैध दवा दुकानों को तत्काल बंद करने तथा उनके संचालकों के विरुद्ध भी कानूनी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही केंद्र और राज्य सरकार के स्वास्थ्य मंत्रालय से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए उच्चस्तरीय स्वतंत्र जांच समिति गठित करने तथा दोषी अधिकारियों एवं अवैध कारोबारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने की अपील की है।