सुरक्षित बचपन-सुरक्षित भविष्य अभियान के तहत छात्रों को दी गई पोक्सो कानून की जानकारी
- Post By Admin on May 27 2026
लखीसराय : राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकार एवं बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकार, लखीसराय की ओर से जिला मुख्यालय स्थित श्री राजेश्वर लाल महाविद्यालय में “सुरक्षित बचपन-सुरक्षित भविष्य एवं पोक्सो अधिनियम” विषय पर विधिक जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन जागृति योजना 2025 के तहत किया गया।
शिविर का आयोजन जिला विधिक सेवा प्राधिकार के अध्यक्ष एवं प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सैयद मोहम्मद शब्बीर आलम तथा प्राधिकार के सचिव एवं अपर मुख्य दंडाधिकारी विधानंद सागर के नेतृत्व में किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. प्रभात कुमार ने की, जबकि संचालन पारा विधिक स्वयंसेवक जुली कुमारी ने किया।
मुख्य वक्ता एवं पैनल अधिवक्ता सितेश सुधांशु ने कहा कि बच्चे देश का भविष्य हैं और उनकी सुरक्षा हम सभी की जिम्मेदारी है। उन्होंने लोगों से बच्चों के प्रति संवेदनशील रहने तथा आसपास की संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने की अपील की। उन्होंने कहा कि अभिभावकों को बच्चों के साथ मित्रवत व्यवहार करना चाहिए, ताकि किसी भी गलत गतिविधि की जानकारी समय रहते मिल सके। उन्होंने बताया कि बच्चों को लैंगिक अपराधों से बचाने के लिए पोक्सो अधिनियम 2012 बनाया गया है, जिसमें संशोधन के बाद कठोर दंड का प्रावधान किया गया है। इस कानून के तहत न्यूनतम तीन वर्ष की सजा से लेकर आजीवन कारावास और मृत्युदंड तक की व्यवस्था है। प्रत्येक जिला न्यायालय में पोक्सो मामलों की सुनवाई के लिए विशेष न्यायालय और न्यायाधीश नियुक्त किए गए हैं।
कार्यक्रम में बताया गया कि पीड़ित बच्चों की पहचान गोपनीय रखी जाती है और बाल मित्र व्यवस्था के तहत पूछताछ की जाती है। साथ ही पीड़ितों के पुनर्वास के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार द्वारा आर्थिक सहायता भी उपलब्ध कराई जाती है। बच्चों की सुरक्षा के लिए प्रत्येक जिले में बाल संरक्षण इकाई का गठन किया गया है तथा चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 को टोल फ्री रखा गया है।
प्राचार्य डॉ. प्रभात कुमार ने कहा कि समाज में “रोको-टोको” अभियान चलाकर बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकती है। उन्होंने लोगों से कानूनी प्रावधानों और जिला विधिक सेवा प्राधिकार की ओर से दी जा रही सुविधाओं का लाभ उठाने की अपील की। कार्यक्रम में महाविद्यालय के शिक्षक, छात्र-छात्राएं एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।