महिला अधिकारों से लेकर स्वरोजगार तक, 'सखी वार्ता' में दी गई महत्वपूर्ण जानकारी
- Post By Admin on Jul 13 2026
लखीसराय : महिला एवं बाल विकास निगम, लखीसराय के तत्वावधान में तथा महिला सशक्तिकरण केंद्र के सहयोग से नगर परिषद सूर्यगढ़ा के नया टोला में सोमवार को 'सखी वार्ता' कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य वंचित, पीड़ित एवं शोषित महिलाओं को उनके कानूनी अधिकारों, सरकारी योजनाओं, घरेलू हिंसा से संरक्षण अधिनियम तथा बाल विवाह के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करना था।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला मिशन समन्वयक प्रशांत कुमार ने मिशन शक्ति के विभिन्न घटकों—वन स्टॉप सेंटर, 181 महिला हेल्पलाइन, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान तथा महिला सशक्तिकरण केंद्र की योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बाल विवाह पर रोक लगाने का आह्वान करते हुए सभी उपस्थित लोगों को सामूहिक शपथ दिलाई। उन्होंने जनसंख्या स्थिरता पखवाड़ा के बारे में भी जानकारी देते हुए कहा कि छोटे परिवार की अवधारणा समाज और परिवार दोनों के लिए लाभकारी है। उन्होंने सही उम्र में विवाह, 20 वर्ष की आयु के बाद पहले बच्चे के जन्म तथा दूसरे बच्चे के बीच कम से कम तीन वर्ष का अंतर रखने की आवश्यकता पर जोर दिया, ताकि परिवार आर्थिक रूप से सशक्त होने के साथ संसाधनों का संतुलित उपयोग सुनिश्चित हो सके।
सामाजिक कार्यकर्ता डॉ. मनीष मिश्रा ने स्वयं सहायता समूहों की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और स्वरोजगार के अवसरों पर विस्तार से चर्चा की। वहीं शक्ति सदन की आवासीय अधीक्षिका निभा कुमारी ने कहा कि 'सखी वार्ता' का उद्देश्य समाज के अंतिम पायदान पर बैठी महिलाओं तक सरकार की योजनाओं और उनके अधिकारों की जानकारी पहुंचाना है। उन्होंने शक्ति सदन की कार्यप्रणाली और उपलब्ध सुविधाओं की भी जानकारी दी।
कार्यक्रम के अंत में लैंगिक विशेषज्ञ किस्मत कुमारी ने उपस्थित महिलाओं एवं अन्य लोगों को बाल विवाह न करने और न होने देने की सामूहिक शपथ दिलाई। सभी प्रतिभागियों ने अपने-अपने क्षेत्र को बाल विवाह मुक्त बनाने का संकल्प लिया। इस अवसर पर सामाजिक कार्यकर्ता मनीष मिश्रा, प्रमोद राठौर, पप्पू केडिया, प्रमोद कुमार सिंह, प्रभाकर सिंह और किशोर कुमार ने महिला सशक्तिकरण की दिशा में चल रहे प्रयासों की सराहना की। कार्यक्रम में लैंगिक विशेषज्ञ नवीन कुमार, आंगनबाड़ी सेविकाएं प्रीति कुमारी, रौशनी कुमारी, मंजू कुमारी, जीविका दीदियां, स्थानीय महिलाएं तथा सामाजिक कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। अंत में प्रभाकर सिंह ने धन्यवाद ज्ञापन किया।