भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर प्रकरण: मानवाधिकार आयोग ने तलब की रिपोर्ट, 13 जुलाई को होगी समीक्षा
- Post By Admin on Jun 22 2026
मुजफ्फरपुर: भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव में हुए कथित पुलिस एनकाउंटर मामले में बिहार राज्य मानवाधिकार आयोग ने संज्ञान लिया है। आयोग ने मामले में बिहार के मुख्य सचिव, पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) तथा भोजपुर के पुलिस अधीक्षक (एसपी) से चार सप्ताह के भीतर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। मामले की अगली समीक्षा 13 जुलाई 2026 को आयोग के समक्ष की जाएगी।
यह कार्रवाई मानवाधिकार मामलों के अधिवक्ता एस.के. झा द्वारा दायर याचिका पर की गई है। अधिवक्ता ने भोजपुर एनकाउंटर प्रकरण को लेकर बिहार राज्य मानवाधिकार आयोग, पटना तथा राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग, नई दिल्ली में अलग-अलग याचिकाएं दाखिल की थीं। याचिका के अनुसार, शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव निवासी भरत भूषण तिवारी की पुलिस एनकाउंटर में मौत हुई थी। अधिवक्ता एस.के. झा ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग करते हुए कहा है कि एनकाउंटर में शामिल पुलिसकर्मियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर सेवानिवृत्त न्यायाधीश की निगरानी में जांच कराई जाए तथा दोषियों के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए। साथ ही पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा दिए जाने की भी मांग की गई है। याचिका पर प्रारंभिक सुनवाई के बाद आयोग ने संबंधित अधिकारियों से जवाब तलब करते हुए चार सप्ताह के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है। आयोग के अध्यक्ष न्यायमूर्ति अनंत मनोहर बदर की अध्यक्षता में 13 जुलाई 2026 को मामले की समीक्षा की जाएगी।
अधिवक्ता एस.के. झा ने आयोग की कार्रवाई का स्वागत करते हुए कहा कि मानवाधिकारों से जुड़े मामलों में आयोग की सक्रियता न्याय प्रक्रिया के प्रति लोगों का विश्वास मजबूत करती है। उनका कहना है कि मामले में निष्पक्ष जांच और तथ्य सामने आने से पीड़ित परिवार को न्याय मिलने की उम्मीद बढ़ी है। हालांकि, मामले में पुलिस अथवा राज्य सरकार की ओर से इस संबंध में विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया अभी सामने नहीं आई है। जांच रिपोर्ट आने के बाद आयोग आगे की कार्रवाई पर निर्णय लेगा।