जहानाबाद छात्रा मौत मामलें में पटना SSP से मिले PK, SIT गठन को बताया प्रारंभिक जांच में चूक का संकेत

  • Post By Admin on Jan 17 2026
जहानाबाद छात्रा मौत मामलें में पटना SSP से मिले PK, SIT गठन को बताया प्रारंभिक जांच में चूक का संकेत

पटना : पटना के एक गर्ल्स हॉस्टल में रहकर मेडिकल प्रवेश परीक्षा (NEET) की तैयारी कर रही जहानाबाद की छात्रा की संदिग्ध मौत के मामले में जन सुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर शनिवार को पीड़ित परिवार के साथ पटना एसएसपी कार्यालय पहुंचे। गांधी मैदान के पास स्थित कार्यालय में हुई इस मुलाकात के दौरान पीड़िता के पिता, मामा, मामी, चाचा और भाई भी मौजूद थे। मुलाकात का मुख्य उद्देश्य प्रदर्शन के दौरान दर्ज की गई प्राथमिकी और पुलिस कार्रवाई को लेकर मानवीय दृष्टिकोण अपनाने की अपील करना रहा।

एसएसपी से मुलाकात के बाद प्रशांत किशोर ने कहा कि शुक्रवार को जहानाबाद में पीड़ित परिवार से मुलाकात के बाद सरकार ने मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया है। इससे स्पष्ट होता है कि प्रारंभिक जांच में कहीं न कहीं चूक हुई है। उन्होंने उम्मीद जताई कि SIT निष्पक्ष जांच कर पीड़ित परिवार को न्याय दिलाएगी।

प्रशांत किशोर ने बताया कि एसएसपी से मिलने के पीछे दो प्रमुख कारण थे। पहला, पीड़ित परिवार का आरोप है कि मामले की प्रारंभिक जांच कर रही महिला अनुसंधान पदाधिकारी की भूमिका को लेकर उनमें गहरा आक्रोश है, ऐसे में वे संबंधित अधिकारी पर विभागीय कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। दूसरा, इस घटना के विरोध में कारगिल चौक पर हुए धरना-प्रदर्शन के बाद पीड़ित परिजनों और युवाओं पर दर्ज एफआईआर और बीएन कॉलेज में की गई पुलिस छापेमारी को लेकर चिंता जताई गई।

उन्होंने कहा कि जब सरकार स्वयं यह मान रही है कि मामले में कुछ त्रुटियां हुई हैं और इसी कारण SIT का गठन किया गया है, तो ऐसी स्थिति में घटना के विरोध में आवाज उठाने वाले लोगों पर सख्त कार्रवाई करना उचित नहीं है। प्रशांत किशोर के अनुसार, एसएसपी ने इस पर आश्वासन दिया है कि पुलिस अपने स्तर से मामले की समीक्षा करेगी और जहां तक संभव होगा, मानवीय रुख अपनाया जाएगा। एफआईआर झेल रहे लोगों पर कोई कड़ी कार्रवाई नहीं की जाएगी।

प्रशांत किशोर ने यह भी कहा कि पीड़ित परिवार को कमजोर समझकर दबाया नहीं जा सकता। जन सुराज उनके साथ मजबूती से खड़ा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि SIT को अपनी जांच पूरी करने दी जानी चाहिए और रिपोर्ट आने के बाद ही आगे का रास्ता तय होगा। यदि जांच के बाद भी दोषियों पर कार्रवाई नहीं होती और परिवार संतुष्ट नहीं होता, तो आगे भी न्याय के लिए संघर्ष जारी रहेगा।

पटना पुलिस पर भरोसे को लेकर पूछे गए सवाल पर प्रशांत किशोर ने कहा कि अगर प्रशासन से कोई चूक नहीं हुई होती तो इतना बड़ा विरोध और हंगामा खड़ा ही क्यों होता। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा SIT गठित करना एक सकारात्मक कदम है और इसके लिए सरकार को धन्यवाद दिया जाना चाहिए, लेकिन अंतिम लक्ष्य सिर्फ एक है—पीड़ित परिवार को न्याय।

इस दौरान वरिष्ठ नेता किशोर कुमार मुन्ना, सुभाष कुमार कुशवाहा, रामबली चंद्रवंशी, जेपी सिंह, मनीष कश्यप, सर्वर अली सहित कई अन्य नेता और समर्थक भी मौजूद रहे।