बांकीपुर उपचुनाव : मतदान के दौरान भिड़े भाजपा-जन सुराज समर्थक, पुलिस ने संभाला मोर्चा

  • Post By Admin on Jul 30 2026
बांकीपुर उपचुनाव : मतदान के दौरान भिड़े भाजपा-जन सुराज समर्थक, पुलिस ने संभाला मोर्चा

पटना : बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के दौरान गुरुवार को पटना के किदवईपुरी स्थित मतदान केंद्रों के बाहर भाजपा और जन सुराज के कार्यकर्ताओं के बीच विवाद और झड़प की घटना सामने आई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों पक्षों को अलग किया और स्थिति को नियंत्रण में ले लिया, जिसके बाद मतदान प्रक्रिया सामान्य रूप से जारी रही।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मतदान केंद्र संख्या 101, 102 और 103 के बाहर दोनों दलों के समर्थकों के बीच पहले तीखी नोकझोंक हुई, जो बाद में धक्का-मुक्की और झड़प में बदल गई। जन सुराज के कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा के पूर्व प्रत्याशी बंटी मतदान केंद्र के आसपास मतदाताओं को प्रभावित करने और दबाव बनाने का प्रयास कर रहे थे। हालांकि भाजपा की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है और इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है। घटना की सूचना मिलते ही मौके पर मौजूद पुलिस बल ने तत्काल हस्तक्षेप किया। पुलिसकर्मियों ने दोनों पक्षों के समर्थकों को अलग कर मतदान केंद्र के बाहर से भीड़ हटाई। प्रशासन की तत्परता से स्थिति जल्द ही सामान्य हो गई और मतदान बिना किसी बड़े व्यवधान के जारी रहा। चुनाव आयोग के अधिकारी भी पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए हैं ताकि निष्पक्ष और शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित किया जा सके।

इस घटना से पहले बुधवार रात पटना पुलिस और स्पेशल टास्क फोर्स ने जन सुराज के लगभग 20 नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया था। पुलिस का कहना था कि ये लोग चुनाव से पहले माहौल बिगाड़ने और अफवाह फैलाने की कोशिश कर रहे थे, हालांकि हिरासत से जुड़े आरोपों का विस्तृत विवरण सार्वजनिक नहीं किया गया।

जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर देर रात समर्थकों के साथ जक्कनपुर थाना पहुंचे और पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि यदि किसी कार्यकर्ता ने कानून का उल्लंघन किया है तो उसके खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई होनी चाहिए, लेकिन बिना स्पष्ट जानकारी दिए लोगों को हिरासत में लेना उचित नहीं है। पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता कुमार सौरव सिंह और महिला प्रकोष्ठ की अध्यक्ष प्रतिभा सिंह ने भी पुलिस कार्रवाई को एकतरफा बताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। दूसरी ओर, पुलिस की ओर से इन आरोपों पर अब तक कोई विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया जारी नहीं की गई है।

उपचुनाव के दौरान हुई इस घटना ने राजनीतिक माहौल को गर्म जरूर कर दिया, लेकिन जिला प्रशासन का कहना है कि मतदान प्रक्रिया शांतिपूर्ण ढंग से संचालित होती रही और सुरक्षा व्यवस्था को अतिरिक्त रूप से मजबूत किया गया है।