टिड्डी दल के खतरे को लेकर अलर्ट, किसानों को सतर्क रहने व तत्काल उपाय अपनाने की सलाह

  • Post By Admin on Apr 18 2026
टिड्डी दल के खतरे को लेकर अलर्ट, किसानों को सतर्क रहने व तत्काल उपाय अपनाने की सलाह

लखीसराय : जिले में फसलों को नुकसान पहुंचाने वाले टिड्डी दल के संभावित खतरे को देखते हुए कृषि विभाग ने अलर्ट जारी किया है। सहायक निदेशक (पौधा संरक्षण) ने किसानों के लिए विस्तृत कार्ययोजना जारी करते हुए सतर्कता बरतने और समय रहते प्रभावी उपाय अपनाने की अपील की है।

जारी निर्देशों के अनुसार टिड्डी दल प्रायः सूर्यास्त के बाद पेड़ों और पौधों पर ठहराव करता है। ऐसे में किसानों को शाम के समय अपने खेतों और आसपास के क्षेत्रों की निगरानी करने तथा संभावित ठहराव स्थलों की पहचान करने को कहा गया है। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि टिड्डी दल का हमला होता है, तो ग्रामीण एकजुट होकर ढोल-नगाड़े, थाली और खाली बर्तन बजाकर तेज शोर उत्पन्न करें, जिससे टिड्डियों को खेतों में उतरने से रोका जा सके।

कृषि विभाग ने टिड्डी नियंत्रण के लिए आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर जोर दिया है। इसके तहत स्प्रेयर, ट्रैक्टर एवं आवश्यक रसायनों का पर्याप्त भंडारण रखने की सलाह दी गई है। फसल सुरक्षा के लिए लैम्ब्डा-साईहैलोथ्रिन, क्लोरपायरीफॉस, फिप्रोनिल एवं डेल्टामेथ्रिन जैसे कीटनाशकों के निर्धारित मात्रा में छिड़काव की सिफारिश की गई है।

विशेषज्ञों के अनुसार टिड्डियों पर नियंत्रण के लिए रात से लेकर सूर्योदय से पहले तक का समय सबसे उपयुक्त होता है, क्योंकि इस दौरान वे अपेक्षाकृत स्थिर रहती हैं, जिससे नियंत्रण कार्य अधिक प्रभावी होता है।

कृषि विभाग ने किसानों से अपील की है कि किसी भी आपात स्थिति में घबराएं नहीं और तुरंत अपने क्षेत्र के किसान सलाहकार, प्रखंड कृषि पदाधिकारी या जिला कृषि कार्यालय को सूचित करें। साथ ही, अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे किसानों के साथ लगातार संपर्क में रहें, ताकि किसी भी संभावित हमले को समय रहते नियंत्रित किया जा सके।