पहलगाम हमले पर NIA का कड़ा प्रहार, हाफिज सईद के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी
- Post By Admin on Jul 14 2026
नई दिल्ली : जम्मू-कश्मीर के पहलगाम आतंकी हमले की जांच में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) को बड़ी कानूनी सफलता मिली है। जम्मू की एक अदालत ने लश्कर-ए-तैयबा के सरगना हाफिज सईद के खिलाफ गैर-जमानती वारंट (एनबीडब्ल्यू) जारी किया है। यह कार्रवाई एनआईए की ओर से दायर याचिका पर की गई, जिसमें हाफिज सईद को हमले का मुख्य साजिशकर्ता बताया गया है।
एनआईए ने 10 जुलाई को दाखिल अपनी पूरक चार्जशीट में हाफिज सईद को आरोपी बनाया था। अदालत द्वारा गैर-जमानती वारंट जारी किए जाने के बाद अब उसके खिलाफ गैरमौजूदगी में मुकदमा चलाने की प्रक्रिया का रास्ता साफ हो गया है। जांच एजेंसी ने अदालत को बताया कि हाफिज सईद फिलहाल पाकिस्तान में है और उसका भारत प्रत्यर्पण संभव नहीं है। नए आपराधिक कानूनों के तहत फरार आरोपियों के खिलाफ उनकी अनुपस्थिति में भी मुकदमा चलाया जा सकता है। इसके साथ ही उसे भगोड़ा घोषित करने की कानूनी प्रक्रिया भी शुरू की जाएगी।
एनआईए का दावा है कि 22 अप्रैल 2025 को हुए पहलगाम आतंकी हमले की पूरी साजिश पाकिस्तान में रची गई थी और इसमें हाफिज सईद की अहम भूमिका रही। एजेंसी के अनुसार, पाकिस्तान से उसके प्रत्यर्पण की संभावनाएं लगभग समाप्त हो चुकी हैं। इस मामले में एनआईए की पहली चार्जशीट में तीन पाकिस्तानी आतंकियों—सुलेमान, जिब्रान और हमजा अफगानी—को आरोपी बनाया गया था। इसके अलावा लश्कर-ए-तैयबा के आतंकी साजिद सैफुल्ला जट्ट के साथ पहलगाम के बशीर अहमद और परवेज अहमद को भी आरोपियों की सूची में शामिल किया गया है।
गौरतलब है कि 22 अप्रैल 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में पर्यटकों को निशाना बनाकर किए गए आतंकी हमले में 26 लोगों की मौत हो गई थी। जांच एजेंसियों के अनुसार, आतंकियों ने कथित तौर पर लोगों से उनका धर्म पूछने के बाद उन पर गोलीबारी की थी।