भारत मंडपम में महकेगी बिहार की सौंधी खुशबू: ब्रिक्स के खास 'गुडी बैग' में सत्तू को मिली जगह
- Post By Admin on Sep 12 2026
नई दिल्ली : भारत मंडपम में आयोजित हो रहे 18वें ब्रिक्स (BRICS) शिखर सम्मेलन में भारतीय संस्कृति और स्थानीय उत्पादों की वैश्विक झलक देखने को मिलेगी। इस अंतरराष्ट्रीय आयोजन में बिहार के पारंपरिक खान-पान की प्रमुख पहचान ‘सत्तू’ को खास स्थान दिया गया है। सम्मेलन में हिस्सा लेने पहुंचे देश-विदेश के प्रतिनिधियों और मीडियाकर्मियों के स्वागत के लिए तैयार विशेष 'गुडी बैग' में बिहार के सत्तू को शामिल किया गया है, जिससे इस देसी सुपरफूड की चर्चा अंतरराष्ट्रीय मंच पर तेज हो गई है।
भुने हुए चने से तैयार होने वाला सत्तू बिहार की समृद्ध खान-पान विरासत का अभिन्न अंग है। ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में ऊर्जा और पोषण के एक सस्ते तथा सुलभ स्रोत के रूप में लोकप्रिय सत्तू का शरबत गर्मियों में खास तौर पर पसंद किया जाता है। ब्रिक्स जैसे बड़े वैश्विक मंच पर इसकी मौजूदगी बिहार के पारंपरिक उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाने का एक महत्वपूर्ण अवसर मानी जा रही है।
मेहमानों को भेंट किए जाने वाले इस विशेष किट में देश के विभिन्न हिस्सों से चुने गए नौ विशिष्ट स्थानीय उत्पाद शामिल हैं। पारंपरिक उपहारों में बिहार के सत्तू के साथ गुजरात का ब्लॉक-प्रिंटेड स्टोल, कॉफी मग और पर्यावरण-अनुकूल टोट बैग दिया गया है। इसके अलावा, आधुनिक कामकाजी जरूरतों को ध्यान में रखते हुए इस बैग में इन-बिल्ट चार्जिंग पोर्ट की सुविधा भी जोड़ी गई है, ताकि सफर के दौरान प्रतिनिधि और पत्रकार अपने इलेक्ट्रॉनिक उपकरण आसानी से चार्ज कर सकें।
इस अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन की व्यापक कवरेज के लिए भारत मंडपम में अत्याधुनिक इंटरनेशनल मीडिया सेंटर तैयार किया गया है, जहां सदस्य देशों और सहयोगी राष्ट्रों से करीब 1,200 से 1,300 पत्रकारों के पहुंचने की उम्मीद है। ब्रिक्स के 11 पूर्ण सदस्य देशों—भारत, ब्राजील, रूस, चीन, दक्षिण अफ्रीका, मिस्र, इथियोपिया, इंडोनेशिया, ईरान, सऊदी अरब और यूएई—के साथ-साथ बेलारूस, मलेशिया, थाईलैंड और वियतनाम जैसे सहयोगी देशों के प्रतिनिधि भी इस महामंच पर मौजूद रहेंगे। इन सभी वैश्विक हस्तियों तक सत्तू की पहुंच बिहार की स्थानीय संस्कृति, खान-पान और देसी स्वाद को विश्व स्तर पर मजबूती से स्थापित करेगी।