तिरंगे को सलामी, शहीदों को नमन : लोहिया स्मारक महाविद्यालय में गूंजा राष्ट्रभक्ति का संदेश
- Post By Admin on Aug 15 2026
मुजफ्फरपुर : डॉ. राम मनोहर लोहिया स्मारक महाविद्यालय में 80वां स्वतंत्रता दिवस हर्षोल्लास और देशभक्ति के माहौल में मनाया गया। महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. डॉ. मनोज कुमार ने आन-बान और शान के साथ ध्वजारोहण किया। राष्ट्रगान की गूंज और भारत माता के जयकारों के बीच एनसीसी कैडेट्स ने तिरंगे को सलामी दी।
समारोह को संबोधित करते हुए प्राचार्य ने देश की आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले महान स्वतंत्रता सेनानियों को याद किया। उन्होंने मंगल पांडे, रानी लक्ष्मीबाई, वीर कुंवर सिंह, खुदीराम बोस और राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के संघर्ष और योगदान की चर्चा करते हुए युवाओं को उनके त्याग और वीरता से प्रेरणा लेने का संदेश दिया।
प्राचार्य ने मुजफ्फरपुर की धरती के महान स्वतंत्रता सेनानी अमर शहीद जुब्बा साहनी के बलिदान को विशेष रूप से याद किया और उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष और बलिदान के कारण ही देश को आजादी मिली है और इस आजादी की रक्षा करना प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि डॉ. राम मनोहर लोहिया के विचारों और आदर्शों पर चलकर ही समतामूलक, सामाजिक और मानवतावादी शिक्षित समाज की स्थापना की जा सकती है। उन्होंने कहा कि देश की सीमाओं पर आज भी जवान चुनौतियों का सामना करते हुए अपने प्राणों की बाजी लगा रहे हैं। ऐसे में कठिन तपस्या और बलिदान से मिली आजादी को अक्षुण्ण रखना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का आह्वान करते हुए डॉ. मनोज कुमार ने कहा कि जब देश आजादी की शताब्दी मनाए, तब प्रत्येक भारतीय को गर्व के साथ यह कहने का अवसर मिले कि भारत अब विकासशील नहीं, बल्कि पूर्ण विकसित राष्ट्र बन चुका है। उन्होंने युवाओं को देश का कर्णधार बताते हुए कहा कि युवा अपनी ऊर्जा, प्रतिभा और रचनात्मक क्षमता का उपयोग राष्ट्र निर्माण में करें। उन्होंने युवाओं से अपील की कि किसी भी समस्या का समाधान शांति और संवाद के रास्ते से खोजें तथा देश के भविष्य को और अधिक स्वर्णिम एवं गौरवशाली बनाने में अपनी भूमिका निभाएं।
कार्यक्रम का संचालन एनसीसी पदाधिकारी डॉ. रमेश कुमार विश्वकर्मा ने किया। समारोह में महाविद्यालय के प्राध्यापक, शिक्षकेतर कर्मचारी, एनसीसी कैडेट्स और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे। पूरे परिसर में देशभक्ति का माहौल रहा और विद्यार्थियों के चेहरों पर राष्ट्र के प्रति गौरव और जिम्मेदारी का भाव नजर आया।