विधान परिषद चुनाव में कई दिग्गजों को झटका, आठ सीटों पर सामने आए चौंकाने वाले नतीजे
- Post By Admin on Oct 28 2026
पटना : बिहार विधान परिषद की आठ सीटों के लिए हुए द्विवार्षिक चुनाव के नतीजों में कई महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिले हैं। शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की इन सीटों पर भाजपा, राष्ट्रीय जनता दल (राजद), जनता दल यूनाइटेड (जदयू), जन सुराज पार्टी और निर्दलीय प्रत्याशियों ने जीत दर्ज की। पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में राजद ने भाजपा से सीट छीन ली, जबकि दरभंगा शिक्षक सीट पर जीत के साथ जन सुराज ने विधान परिषद में अपनी मौजूदगी दर्ज कराई। वहीं, दो सीटों पर निर्दलीय उम्मीदवारों ने बाजी मारी।
इन चुनावों के लिए मतदान 23 अक्टूबर को हुआ था, जबकि मतगणना 27 अक्टूबर को शुरू हुई। चुनाव में कुल 150 प्रत्याशी मैदान में थे। इनमें चार स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में 90 और चार शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में 60 उम्मीदवारों ने अपनी किस्मत आजमाई थी। मतदान के दौरान शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में 82.85 प्रतिशत और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में 53.42 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया।
आठ सीटों पर किसे मिली जीत
बिहार विधान परिषद की आठ सीटों के परिणामों में तीन सीटें भाजपा के खाते में गईं। राजद, जदयू और जन सुराज को एक-एक सीट मिली, जबकि दो सीटों पर निर्दलीय उम्मीदवार विजयी रहे। पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से राजद के डॉ. संजीव कुमार सिंह ने भाजपा के निवर्तमान विधान पार्षद प्रो. नवल किशोर यादव को हराया। इस जीत के साथ पटना शिक्षक सीट पर भाजपा का करीब तीन दशक पुराना प्रतिनिधित्व समाप्त हो गया। शुरुआती दौर की मतगणना में नवल किशोर यादव आगे थे, लेकिन बाद के राउंड में मतों का अंतर बदल गया और संजीव कुमार सिंह ने जीत हासिल की। यह चुनाव परिणाम राजद के लिए महत्वपूर्ण रहा।
तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा के नरेंद्र प्रसाद सिंह ने जीत दर्ज की। उन्होंने निर्दलीय प्रत्याशी भूषण कुमार झा को 594 मतों से पराजित किया। नरेंद्र प्रसाद सिंह को 2,945 मत मिले, जबकि भूषण झा को 2,351 मत प्राप्त हुए। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के निवर्तमान विधान पार्षद संजय कुमार सिंह 1,967 मतों के साथ तीसरे स्थान पर रहे। इस जीत से भाजपा ने तिरहुत शिक्षक सीट पर अपना प्रतिनिधित्व वापस हासिल किया।
दरभंगा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में जन सुराज पार्टी के डॉ. सुरेश प्रसाद राय ने कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और निवर्तमान विधान पार्षद डॉ. मदन मोहन झा को 324 मतों से हराया। सुरेश प्रसाद राय को 2,593 मत मिले, जबकि मदन मोहन झा को 2,269 मत प्राप्त हुए। इस परिणाम के साथ जन सुराज को विधान परिषद के शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में पहली जीत मिली।
सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में निर्दलीय प्रत्याशी राहुल राज विजयी रहे। उन्होंने जदयू के उम्मीदवार आनंद पुष्कर को 1,815 मतों के अंतर से पराजित किया। राहुल राज को 4,965 मत मिले, जबकि आनंद पुष्कर को 3,150 मत प्राप्त हुए। जन सुराज के आफाक अहमद को 2,454 मत मिले। इस परिणाम ने सारण सीट पर एनडीए के उम्मीदवार को झटका दिया।
स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में भी बदले समीकरण
पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से जदयू के नीरज कुमार ने जीत दर्ज की। इस सीट पर उनका मुकाबला जन सुराज के डॉ. अनुज सिंह सहित अन्य प्रत्याशियों से था। नीरज कुमार ने अपनी सीट पर जीत हासिल कर जदयू के लिए अहम सफलता दर्ज की।
दरभंगा स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा के सर्वेश कुमार विजयी रहे। उन्होंने राजद के अनिल कुमार झा को पीछे छोड़ते हुए सीट अपने नाम की। इस परिणाम से स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा को एक और सफलता मिली।
कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा के डॉ. एन.के. यादव ने जीत दर्ज की। मतगणना के दौरान उन्होंने राजद के नीतेश कुमार और जन सुराज के रजनीश रंजन को पीछे रखा। इस जीत के साथ डॉ. एन.के. यादव ने लगातार तीसरी बार कोसी स्नातक सीट पर विजय हासिल की।
तिरहुत स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से निर्दलीय प्रत्याशी वंशीधर ब्रजवासी ने जीत दर्ज की। उनका मुकाबला जदयू के अभिषेक झा और राजद की डॉ. रश्मि विनायक गौतम समेत अन्य प्रत्याशियों से था। ब्रजवासी की जीत से इस सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार ने राजनीतिक दलों के प्रत्याशियों को पीछे छोड़ दिया।
शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में तीन निवर्तमान सदस्य हारे
चुनाव के परिणामों में शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की चार सीटें विशेष रूप से चर्चा में रहीं। पटना में प्रो. नवल किशोर यादव, दरभंगा में डॉ. मदन मोहन झा और सारण में निवर्तमान प्रतिनिधि को हार का सामना करना पड़ा। दूसरी ओर, तिरहुत में भाजपा के नरेंद्र प्रसाद सिंह ने जीत दर्ज की।
इन परिणामों से यह भी स्पष्ट हुआ कि शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में मतदाताओं ने अलग-अलग दलों और निर्दलीय उम्मीदवारों को समर्थन दिया। जहां भाजपा ने तीन सीटें जीतीं, वहीं राजद और जदयू को एक-एक सीट मिली। जन सुराज ने दरभंगा शिक्षक सीट पर जीत दर्ज की और निर्दलीय उम्मीदवारों ने दो सीटों पर सफलता हासिल की।
बिहार विधान परिषद की इन आठ सीटों के परिणामों ने राज्य की राजनीतिक तस्वीर में कई बदलाव दर्ज किए हैं। पटना शिक्षक सीट पर राजद की वापसी, दरभंगा में जन सुराज की जीत और तिरहुत स्नातक तथा सारण शिक्षक सीट पर निर्दलीय उम्मीदवारों की सफलता इस चुनाव के प्रमुख नतीजों में शामिल हैं।