सुप्रीम कोर्ट में बढ़ेगी जजों की संख्या, 33 से 37 करने के प्रस्ताव को केंद्र की मंजूरी

  • Post By Admin on May 06 2026
सुप्रीम कोर्ट में बढ़ेगी जजों की संख्या, 33 से 37 करने के प्रस्ताव को केंद्र की मंजूरी

नई दिल्ली : केंद्र सरकार ने देश की शीर्ष अदालत Supreme Court of India में न्यायिक क्षमता बढ़ाने के उद्देश्य से बड़ा फैसला लिया है। मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में मुख्य न्यायाधीश (CJI) को छोड़कर अन्य न्यायाधीशों की संख्या 33 से बढ़ाकर 37 करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई।

सरकार के अनुसार, इस निर्णय का मुख्य उद्देश्य लंबित मामलों के बोझ को कम करना और मामलों के निपटारे में तेजी लाना है। वर्तमान में सुप्रीम कोर्ट में 92 हजार से अधिक मामले लंबित हैं, जिनके शीघ्र निपटारे के लिए यह कदम अहम माना जा रहा है।

इस प्रस्ताव को लागू करने के लिए मंत्रिमंडल ने संसद में “सुप्रीम कोर्ट (न्यायाधीशों की संख्या) संशोधन विधेयक, 2026” पेश करने की भी मंजूरी दी है। यह विधेयक वर्ष 1956 के अधिनियम में संशोधन कर न्यायाधीशों की संख्या बढ़ाने का प्रावधान करेगा।

संविधान के अनुच्छेद 124(1) के तहत सुप्रीम कोर्ट में न्यायाधीशों की संख्या निर्धारित की जाती है, जिससे समय-समय पर बढ़ते मामलों के अनुरूप इसमें बदलाव संभव होता है। वर्ष 1956 में इस अधिनियम के लागू होने पर CJI के अलावा 10 न्यायाधीशों का प्रावधान था, जिसे बाद में कई बार बढ़ाया गया।

वर्ष 1960 में यह संख्या 13, 1977 में 17, 1986 में 25 और 2008 में 30 कर दी गई। वहीं, 2019 में हुए संशोधन के तहत न्यायाधीशों की संख्या 30 से बढ़ाकर 33 की गई थी। अब नए प्रस्ताव के बाद यह संख्या बढ़कर 37 हो जाएगी।

विशेषज्ञों का मानना है कि न्यायाधीशों की संख्या में यह वृद्धि न्यायिक प्रणाली को अधिक सक्षम बनाएगी और आम लोगों को समय पर न्याय मिलने में सहूलियत होगी।