कॉमनवेल्थ गेम्स 2026: सोमन राणा ने जीता गोल्ड, भारत ने शॉटपुट में किया वन-टू फिनिश
- Post By Admin on Aug 03 2026
ग्लासगो: राष्ट्रमंडल खेल 2026 में भारतीय पैरा-एथलेटिक्स ने नया इतिहास रच दिया। स्कॉटलैंड के ग्लासगो में आयोजित पुरुष शॉटपुट (F57 वर्ग) स्पर्धा में भारत के सोमन राणा ने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक जीत लिया। उन्होंने अपने सीजन का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए 13.40 मीटर का थ्रो किया और गोल्ड मेडल अपने नाम कर लिया।
भारत की खुशी उस समय दोगुनी हो गई, जब इसी स्पर्धा में भारतीय खिलाड़ी शुभम जुयाल ने 13.28 मीटर का थ्रो कर रजत पदक पर कब्जा जमाया। इस तरह भारत ने शॉटपुट F57 स्पर्धा में पहला और दूसरा दोनों स्थान हासिल करते हुए शानदार 'वन-टू फिनिश' दर्ज की। फाइनल मुकाबले में शुरुआत से ही भारतीय खिलाड़ियों का दबदबा देखने को मिला। शुभम जुयाल ने शुरुआती प्रयासों में बढ़त बनाई, लेकिन अनुभवी एथलीट सोमन राणा ने निर्णायक थ्रो में 13.40 मीटर की दूरी तय कर स्वर्ण पदक पर अपनी मजबूत दावेदारी को जीत में बदल दिया।
43 वर्षीय सोमन राणा की सफलता संघर्ष, साहस और दृढ़ इच्छाशक्ति की मिसाल है। वर्ष 2001 में वह भारतीय सेना की गोरखा राइफल्स में सिपाही के रूप में भर्ती हुए थे और राष्ट्रीय स्तर के मिडिलवेट बॉक्सर भी रहे। साल 2006 में जम्मू-कश्मीर में नियंत्रण रेखा (LoC) पर ड्यूटी के दौरान लैंडमाइन विस्फोट में उन्होंने अपना दायां पैर गंवा दिया। गंभीर हादसे के बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी। पुणे स्थित आर्मी रिहैबिलिटेशन सेंटर में इलाज और पुनर्वास के बाद उन्होंने वर्ष 2017 में कर्नल गौरव दत्ता के मार्गदर्शन में आर्मी पैरालंपिक नोड से जुड़कर शॉटपुट में नया सफर शुरू किया।
F57 वर्ग में वे पैरा-एथलीट शामिल होते हैं, जिनके पैरों की क्षमता प्रभावित होती है, लेकिन ऊपरी शरीर की ताकत सामान्य होती है। इसी श्रेणी में सोमन राणा ने अपने दमदार प्रदर्शन से भारत को स्वर्ण पदक दिलाया। सोमन राणा की यह उपलब्धि केवल एक स्वर्ण पदक तक सीमित नहीं है, बल्कि यह साहस, संघर्ष और अटूट संकल्प की प्रेरणादायक कहानी भी है। उनकी सफलता ने एक बार फिर साबित कर दिया कि दृढ़ इच्छाशक्ति के सामने कोई भी बाधा बड़ी नहीं होती। वहीं, शुभम जुयाल के रजत पदक के साथ भारत का इस स्पर्धा में ऐतिहासिक वन-टू फिनिश राष्ट्रमंडल खेलों में भारतीय पैरा-एथलेटिक्स की बढ़ती ताकत का प्रतीक बन गया।