रिलायंस का ग्रीन मिशन तेज, 3 अरब डॉलर के करार के साथ 2 लाख नौकरियों का लक्ष्य
- Post By Admin on Jun 20 2026
मुंबई : रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के न्यू एनर्जी कारोबार का नेतृत्व कर रहे अनंत एम. अंबानी ने कहा है कि कंपनी का न्यू एनर्जी बिजनेस वित्त वर्ष 2027 से रिलायंस के वित्तीय प्रदर्शन में महत्वपूर्ण योगदान देना शुरू कर देगा। उन्होंने बताया कि सोलर मॉड्यूल्स से व्यावसायिक राजस्व इसी वर्ष शुरू होने जा रहा है, जबकि बैटरी फैक्ट्री भी इसी साल चालू हो जाएगी।
रिलायंस इंडस्ट्रीज की 49वीं वार्षिक आम बैठक को संबोधित करते हुए अनंत अंबानी ने कहा कि कंपनी ने ग्रीन अमोनिया क्षेत्र में एक बड़ा कदम उठाते हुए सैमसंग सीएंडटी के साथ 3 अरब डॉलर का दीर्घकालिक आपूर्ति समझौता किया है। उन्होंने कहा कि यह केवल घोषणा नहीं, बल्कि हस्ताक्षरित करार है, जो रिलायंस के ग्रीन हाइड्रोजन प्लेटफॉर्म की वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता को दर्शाता है। कंपनी के अनुसार, जामनगर में 5,000 एकड़ में विकसित धीरूभाई अंबानी ग्रीन एनर्जी गीगा कॉम्प्लेक्स दुनिया के सबसे एकीकृत स्वच्छ ऊर्जा विनिर्माण परिसरों में शामिल हो चुका है। यहां सोलर पीवी सेल और मॉड्यूल निर्माण इकाइयां चालू हो चुकी हैं तथा लगभग 1 गीगावॉट एचजेटी मॉड्यूल्स का उत्पादन भी किया जा चुका है। बैटरी निर्माण क्षेत्र में भी रिलायंस तेजी से विस्तार कर रही है। कंपनी की 40 गीगावॉट-आवर वार्षिक क्षमता वाली बीईएसएस और सेल गीगा फैक्ट्री का पहला चरण इसी वर्ष शुरू होने की उम्मीद है। रिलायंस ने भविष्य में इसकी क्षमता बढ़ाकर 120 गीगावॉट-आवर प्रतिवर्ष करने की प्रतिबद्धता जताई है।
अनंत अंबानी ने बताया कि कच्छ में 5.5 लाख एकड़ क्षेत्र में विकसित किया जा रहा रिलायंस का रिन्यूएबल एनर्जी हब पूरी तरह संचालित होने के बाद प्रतिवर्ष 40 अरब यूनिट से अधिक हरित बिजली का उत्पादन करेगा। यह भारत की कुल वार्षिक बिजली आवश्यकता का लगभग 3 प्रतिशत होगा। कंपनी अगले 10 वर्षों में 30 लाख मीट्रिक टन ग्रीन हाइड्रोजन समकक्ष ग्रीन केमिकल्स उत्पादन क्षमता विकसित करने का लक्ष्य लेकर चल रही है। उन्होंने कहा कि जामनगर स्थित गीगा कॉम्प्लेक्स और कच्छ के सोलर ऊर्जा प्रोजेक्ट मिलकर लगभग 2 लाख ग्रीन रोजगार के अवसर पैदा करेंगे। इस दौरान उन्होंने कहा कि जिस तरह दुनिया की पुरानी ऊर्जा व्यवस्था मध्य-पूर्व के तेल पर आधारित थी, उसी तरह भविष्य की नई ऊर्जा भारतीय धूप पर आधारित होगी। रिलायंस का मानना है कि उसका न्यू एनर्जी मिशन देश की ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने, स्वच्छ और किफायती ऊर्जा उपलब्ध कराने, आयात पर निर्भरता घटाने, निर्यात बढ़ाने तथा बड़े पैमाने पर रोजगार सृजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।