एफएमसीजी सेक्टर में रिलायंस का बड़ा दांव, ईशा अंबानी ने रखा ₹1 लाख करोड़ रेवेन्यू का विजन
- Post By Admin on Jun 20 2026
मुंबई : रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड की 49वीं वार्षिक आम बैठक (एजीएम) में रिलायंस कंज्यूमर प्रोडक्ट्स लिमिटेड (आरसीपीएल) के लिए महत्वाकांक्षी विकास योजना पेश करते हुए ईशा अंबानी ने वित्त वर्ष 2030 तक कंपनी का राजस्व ₹1 लाख करोड़ तक पहुंचाने का लक्ष्य घोषित किया। उन्होंने कहा कि कंपनी की दीर्घकालिक रणनीति आरसीपीएल को भारत की अग्रणी एफएमसीजी कंपनियों में शामिल करने के साथ-साथ एक मजबूत वैश्विक उपस्थिति स्थापित करने की है।
ईशा अंबानी ने बताया कि आरसीपीएल ने वित्त वर्ष 2026 में ₹22,000 करोड़ का सकल राजस्व अर्जित किया है। कंपनी का दावा है कि जिस स्तर तक पहुंचने में कई कंपनियों को दशकों का समय लगा, वहां आरसीपीएल मात्र चार वर्षों में पहुंच गई है। वर्तमान में कंपनी के उत्पाद निर्यात और फ्रेंचाइजी बिक्री के माध्यम से 40 से अधिक देशों में उपलब्ध हैं। कंपनी के लोकप्रिय पेय ब्रांड कैंपा ने भी वित्त वर्ष 2026 में ₹4,700 करोड़ से अधिक की सकल बिक्री दर्ज की। कंपनी के अनुसार, कैंपा अब भारत का चौथा सबसे बड़ा कार्बोनेटेड सॉफ्ट ड्रिंक ब्रांड बन चुका है और कई प्रमुख बाजारों में उसका बाजार हिस्सा दोहरे अंकों में पहुंच गया है।
रिलायंस रिटेल ने भी विस्तार की नई ऊंचाइयों को छुआ है। वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही में कंपनी के स्टोर्स की संख्या 20 हजार के पार पहुंच गई। कंपनी का दावा है कि इतनी कम अवधि में एशिया के किसी भी रिटेलर ने यह उपलब्धि हासिल नहीं की है। वित्त वर्ष 2026 में रिलायंस रिटेल का सकल राजस्व ₹3,70,026 करोड़ रहा, जो पिछले वर्ष की तुलना में 11.8 प्रतिशत अधिक है। ग्रॉसरी और क्विक कॉमर्स क्षेत्र में भी कंपनी का विस्तार तेजी से हुआ है। स्मार्ट बाजार ने 1,000 स्टोर का आंकड़ा पार कर लिया है, जबकि जियोमार्ट 3,100 से अधिक स्टोर्स के माध्यम से 1,200 से अधिक शहरों और 5,100 से अधिक पिन कोड क्षेत्रों में सेवाएं प्रदान कर रहा है। रिलायंस रिटेल किसानों के साथ अपनी भागीदारी को भी मजबूत कर रही है। वित्त वर्ष 2026 में कंपनी ने 40 हजार से अधिक किसानों के साथ मिलकर 110 कलेक्शन सेंटरों के जरिए लगभग 5.7 लाख मीट्रिक टन ताजे फल और सब्जियों की खरीद की। कंपनी का कहना है कि इससे किसानों को बेहतर मूल्य और उपभोक्ताओं को गुणवत्तापूर्ण उत्पाद उपलब्ध हुए हैं।
ईशा अंबानी ने बताया कि रिलायंस अब अपने कंज्यूमर बिजनेस को मैन्युफैक्चरिंग और निर्यात से जोड़ने की दिशा में तेजी से काम कर रही है। कंपनी बेवरेज, दैनिक उपभोग की वस्तुओं, फूड पार्क, परिधान और किफायती इलेक्ट्रॉनिक्स के क्षेत्र में बड़े विनिर्माण प्लेटफॉर्म विकसित कर रही है। इसी रणनीति के तहत अगले तीन वर्षों में आरसीपीएल एकीकृत फूड पार्कों के नेटवर्क के विकास पर ₹30,000 करोड़ का अतिरिक्त निवेश करेगी। रिलायंस का मानना है कि यह निवेश कंपनी के एफएमसीजी कारोबार को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के साथ-साथ घरेलू विनिर्माण, निर्यात और रोजगार सृजन को भी बढ़ावा देगा।