बार-बार महसूस होता है तनाव? रोजमर्रा की इन आदतों में बदलाव से मिलेगी राहत
- Post By Admin on Aug 15 2026
हेल्थ डेस्क : आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में मानसिक तनाव तेजी से आम समस्या बनता जा रहा है। पढ़ाई, नौकरी, पारिवारिक जिम्मेदारियां, आर्थिक परेशानियां और भविष्य की चिंता के कारण बड़ी संख्या में लोग तनाव का सामना कर रहे हैं। इसका असर व्यक्ति की नींद, काम करने की क्षमता, व्यवहार और रोजमर्रा की जिंदगी पर भी पड़ सकता है।
Ipsos के 2025 के एक सर्वे के अनुसार, भारत में करीब 10 में से 3 लोग दिन में कई बार तनाव महसूस करते हैं। वहीं, विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार दुनियाभर में एक अरब से अधिक लोग किसी न किसी मानसिक स्वास्थ्य संबंधी समस्या के साथ जीवन जी रहे हैं। ऐसे में मानसिक स्वास्थ्य को लेकर जागरूक रहना और तनाव को नियंत्रित करने के लिए समय रहते जरूरी कदम उठाना महत्वपूर्ण है।
विशेषज्ञों के अनुसार अनियमित दिनचर्या, पर्याप्त नींद की कमी, लगातार नकारात्मक विचार, सोशल मीडिया का अत्यधिक इस्तेमाल, अकेलापन और काम का दबाव तनाव को बढ़ा सकते हैं। हालांकि, जीवनशैली में कुछ छोटे बदलाव तनाव को कम करने और मन को शांत रखने में मददगार हो सकते हैं।
गहरी सांस लेने का करें अभ्यास
तनाव महसूस होने पर कुछ मिनट के लिए शांत जगह पर बैठकर आंखें बंद करें और धीरे-धीरे गहरी सांस लें। सांस लेने और छोड़ने पर ध्यान केंद्रित करने से शरीर और मन को शांत करने में मदद मिल सकती है। रोजाना कुछ समय प्राणायाम या अन्य श्वास संबंधी अभ्यास के लिए भी निकाला जा सकता है।
रोज करें व्यायाम या सैर
प्रतिदिन 20 से 30 मिनट की शारीरिक गतिविधि, जैसे तेज चाल से चलना, हल्का व्यायाम या योग, तनाव कम करने में मदद कर सकता है। नियमित शारीरिक गतिविधि मूड को बेहतर बनाने और शरीर में सकारात्मक बदलाव लाने में सहायक होती है।
नींद को न करें नजरअंदाज
पर्याप्त और नियमित नींद मानसिक स्वास्थ्य के लिए बेहद जरूरी है। अधिकांश वयस्कों के लिए रात में करीब 7 से 9 घंटे की नींद की सलाह दी जाती है। देर रात तक मोबाइल या अन्य स्क्रीन का इस्तेमाल करने से बचना और सोने-जागने का समय नियमित रखना फायदेमंद हो सकता है।
खानपान पर दें ध्यान
संतुलित और पौष्टिक आहार को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं। अत्यधिक कैफीन और मीठे पेय पदार्थों का सेवन कम करना बेहतर है। जरूरत से ज्यादा कॉफी, एनर्जी ड्रिंक या मीठे पेय कुछ लोगों में बेचैनी या नींद की समस्या बढ़ा सकते हैं।
मनपसंद गतिविधियों के लिए निकालें समय
लगातार काम या चिंता में व्यस्त रहने के बजाय अपने पसंदीदा कामों के लिए भी समय निकालें। किताब पढ़ना, संगीत सुनना, बागवानी, चित्रकारी या दोस्तों और परिवार के साथ समय बिताना मन को सकारात्मक बनाए रखने में मदद कर सकता है।
सोशल मीडिया से लें थोड़ा ब्रेक
सोशल मीडिया पर लगातार दूसरों से अपनी तुलना करना या नकारात्मक खबरों और सामग्री को लंबे समय तक देखना तनाव बढ़ा सकता है। इसलिए दिन में कुछ समय सोशल मीडिया से दूरी बनाना और स्क्रीन टाइम को सीमित करना उपयोगी हो सकता है।
खुद को व्यस्त रखें, लेकिन आराम भी करें
दिनभर खुद को सकारात्मक और उपयोगी गतिविधियों में व्यस्त रखना नकारात्मक विचारों से ध्यान हटाने में मदद कर सकता है। हालांकि, लगातार काम करते रहना भी जरूरी नहीं है। काम के बीच पर्याप्त आराम और खुद के लिए समय देना भी मानसिक स्वास्थ्य के लिए उतना ही महत्वपूर्ण है।
अगर तनाव लंबे समय तक बना रहे, रोजमर्रा के काम प्रभावित हों, नींद या भूख में लगातार बदलाव आए या व्यक्ति खुद को संभाल पाने में कठिनाई महसूस करे, तो मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ या डॉक्टर से सलाह लेना उचित है। समय पर मदद लेना कमजोरी नहीं, बल्कि अपने मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता का संकेत है।