हवस के पुजारी बिहार के प्रोफेसर की हड़कत : छात्राओं को भेजते हैं नंगी तस्वीरें

  • Post By Admin on Aug 02 2022
हवस के पुजारी बिहार के प्रोफेसर की हड़कत : छात्राओं को भेजते हैं नंगी तस्वीरें

दरभंगा : बिहार के दरभंगा स्थित ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय से एक ताजा मामला सामने आया है । जो बेहद ही संगीन व शिक्षा जगत को शर्मशार करने वाला है । मामला ऐसा है कि यहां के एक सहायक प्राचार्य छात्राओं को रात के 12 बजे अपनी अश्लील तस्वीर भेजते हैं । सहायक प्राचार्य का नाम अखिलेश कुमार बताया गया है । छात्र छात्राओं ने न केवल बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं बल्कि इसके सबूत भी विश्वविद्यालय को दिए हैं । मिली जानकारी के मुताबिक इस प्रोफेसर की हड़कत काफी पुरानी है । सहायक प्रोफेसर अखिलेश पहले मुज़फ्फ्फरपुर जिले के दामुचक में कोचिंग संचालन करते थे । वहां भी कई बार इनकी इस प्रकार की हड़कत को लेकर मार-पीट तक की नौबत आ गई थी । फिर भी प्रोफेसर अपनी हडक़तों से बाज नहीं आ रहे हैं । 

मिथिला विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग में पढ़ने वाली छात्राओं ने अपने विभाग के सहायक प्राचार्य अखिलेश कुमार पर आरोप लगाया कि "सर न सिर्फ देर रात छात्राओं को फोन कर उल्टी सीधी और गंदी बात करते हैं बल्कि रात में वो अपने घर पर भी आने की जिद करते हैं, साथ ही खुद की नंगी तस्वीर भी भेजते हैं, साथ ही बात नहीं मानने पर परीक्षा में फेल कर देने के अलावा कई तरह की धमकी भी देते हैं " 

वहीं विश्विद्यालय के छात्रों ने भी आरोप लगाते हुए कहा कि सर के काले कारनामों का साथ नहीं देने पर वो "फोन पर मां-बहन की गाली देते हैं साथ ही अपनी ऊंची पहुंच का हवाला देकर धौंस जमाते हैं । बिहार के बड़े नेताओं के साथ की तस्वीर दिखा कर धमकाते हैं व अपने प्रभाव में भी लाने का प्रयास करते हैं ।" इस प्रकार के लगातार मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना व शोषण के खिलाफ आखिरकार छात्र-छात्राओं का गुस्सा फूटा । जिसके बाद छात्र-छात्राओं ने जमकर हल्ला बोल प्रदर्शन किया व प्रोफेसर को बर्खास्त करने की मांग तक रख दी । विद्यार्थियों ने विश्वविद्यालय प्रशासन से सहायक प्राचार्य अखिलेश कुमार के खिलाफ न सिर्फ लिखित शिकायत की बल्कि कई तरह के ऑडियो वीडियो और व्हाट्सएप चैट के सबूत भी दिए । 

वहीं इस मामले को तूल पकड़ता देख हिंदी विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. राजेंद्र साह भी प्राचार्य के रवैये पर सवाल उठाते हुए अखिलेश प्रसाद के खिलाफ अपनी रिपोर्ट अधिकारियों को सौंप दी है । इसकी पुष्टि भी उन्होंने खुद की है । विश्वविद्यालय के  कुलसचिव ने भी शिकायत मिलने की पुष्टि करते हुए कहा कि छात्र-छात्राओं ने ऑडियो वीडियो सबूत के साथ अखिलेश प्रसाद के खिलाफ लिखित शिकायत की है । तत्काल जांच के आदेश दे दिए गए हैं । उन्होंने आश्वासन देते हुए कहा कि जांच रिपोर्ट के बाद उचित कार्यवाही की जाएगी । इधर जैसे ही मामला सामने आया आरोपी अखिलेश कुमार की कई तस्वीर बड़े-बड़े नेताओं के साथ वायरल होने लगी है जिसके बाद कुछ लोग दबी जुबान से ही आलोचना कर रहे हैं । उन्हें डर है कि बड़े नेताओं की वजह से कहीं वो भी न फंस जाएं । 

बिहार के राजयपाल के अलावा उप मुख्यमंत्री व अन्य मंत्री के साथ की तस्वीर उनके ऊंचे पहुंच की कहानी खुद बयां कर रही है । हिंदी विभाग में पढ़ने वाली छात्रा ने बताया कि वो "अपने ही सहायक प्राचार्य अखिलेश कुमार से प्रताड़ित है । छात्रा ने बताया कि अखिलेश सर की नियत साफ नहीं है । छात्राओं को न सिर्फ वो बुरी नजर से देखते हैं बल्कि रात में कॉल कर उल्टी सीधी बातें करते हैं व उनसे रात में अपने घर आने की जिद करते हैं । व ना में जबाब देने पर वो रिजल्ट गड़बड़ कर देने की धमकी देते हैं । कई बार तो अखिलेश सर ने खुले बदन वाली अपनी नंगी तस्वीर भी भेजी । इसके अलावा व्हाट्सएप पर भी कई तरह के अमर्यादित और गंदे मैसेज किए । अब जब पानी सर से ऊपर हो गया तब इसकी शिकायत विश्विद्यालय प्रशासन से की है और जब तक उन्हें यहां से हटाया नहीं जाता, या बर्खास्त नहीं किया जाता वो तब तक खुद को सुरक्षित महसूस नहीं करेंगी ।" 

हिंदी विभाग में पढ़ने वाले छात्र दीपक ने बताया कि "प्रोफेसर अखिलेश कुमार अपनी मनमानी करते हैं । उनका चरित्र काफी खराब है । यहां पढ़ने वाली लड़कियों पर उनकी हमेशा गलत नियत रहती है, इसके कई सबूत भी हैं । इस मामले में हिंदी विभाग के विभागाध्यक्ष राजेंद्र साह ने बताया कि यह कोइ पहला मौका नहीं जब अखिलेश कुमार पर आरोप लगे हैं । इसके पहले भी उनके आचरण से छात्र-छात्राएं दहशत में रहे हैं । वहीं इस पूरे मामले में अखिलेश कुमार का पक्ष लेने जब संवाददाता उनके दफ्तर पहुंचे तो वो वर्ग संचालन के समय में भी अपने कुर्सी पर नहीं मिले । उनकी कुर्सी खाली पड़ी थी । अखिलेश प्रसाद फिलहाल कहाँ फरार है इसकी जानकारी किसी के पास उपलब्ध नहीं है ।